उत्तरप्रदेशगोरखपुर युवक ने फंदा लगाया तो मां-बेटी ने खा लिया सल्फास, भाई-बहन की मौत By Khulasa India News Desk Last updated May 1, 2025 13 गोरखपुर के हरपुर-बुदहट थाना क्षेत्र के कूचडेहरि गांव में मां के डांटने से नाराज मोहित कन्नौजिया (18) ने बुधवार को फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। बेटे को फंदे से लटका देख उसकी मां और फिर 14 वर्षीय बहन ने भी जहर (सल्फास) खा लिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मां-बेटी को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया। वहां इलाज के दौरान युवक की बहन सुप्रिया (14) की शाम को मौत गई। जबकि, मां कौशिल्या की हालत गंभीर है। जानकारी के मुताबिक, कूचडेहरि निवासी मोहित के पिता अंगद कन्नौजिया की दस वर्ष पहले ही मौत हो चुकी है। पिता की मौत के बाद मोहित कम उम्र में ही काम करने लगा। वर्तमान में अहमदाबाद में कपड़ा प्रेस करने का काम करता था। दस दिन पहले ही वह गांव लौटा था। बुधवार सुबह पारिवारिक मामले को लेकर घर में विवाद होने पर मां ने डांट दिया। इसके बाद मोहित ने दोपहर में कमरे में छत की कुंडी से फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। बाजार गई मां-बेटी घर आईं तो कमरे का दरवाजा तोड़ा। अंदर गईं तो मोहित फंदे से लटक रहा था और उसकी मौत हो चुकी थी। यह देखकर कौशिल्या इस सदमे को बर्दास्त नहीं कर सकीं और घर में रखा सल्फास खा लिया। मां को ऐसा करता देखकर बेटी सुप्रिया ने भी जहर खा लिया। गांव वालों को जानकारी हुई तो उन्होंने प्रधान को बताया। प्रधान की सूचना पर पहुंची पुलिस एंबुलेंस की मदद से मां-बेटी को जिला अस्पताल ले गई, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। मेडिकल कॉलेज में सुप्रिया की मौत हो गई, जबकि उसकी मां की हालत गंभीर है। उधर, पुलिस ने भाई-बहन के शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है। मोबाइल बनवाने के लिए 1500 रुपये नहीं मिले तो दे दी जान गोरखपुर का हरपुर-बुदहट के कूचडेहरि गांव में बुधवार को हुई घटना से पूरा क्षेत्र अवाक रह गया। मोबाइल बनवाने के लिए 1500 रुपये नहीं मिलने पर नाराज मोहित कन्नौजिया ने (18) फंदे पर लटक कर जान दे दी। जबकि, उस पर ही विधवा मां, बुजुर्ग दादा और अविवाहित बहन की देखरेख का जिम्मा था। 10 साल पहले पिता की मौत के बाद उसने आगे बढ़कर बचपन में ही अपनी जिम्मेदारी संभाली भी थी और अहमदाबाद में कपड़े प्रेस करके भी वह घर का खर्च चला रहा था। पोते-पोती की मौत से आहत बुजुर्ग बाबा हरिलाल बार-बार यही कह रहे थे कि जरा भी अंदाजा होता तो आज वे घर से बाहर ही नहीं जाते। बताया जा रहा है कि मोहित की मौत से दुखी मां कौशल्या और बहन सुप्रिया (14) ने घर में एक शीशी में रखी सल्फास की 10 गोलियां खा ली। हालत बिगड़ने पर गांव के लोगों ने दोनों को बीआरडी मेडिकल में भर्ती कराया। इलाज के दौरान सुप्रिया की मौत हो गई। वहीं कौशल्या की हालत गंभीर बनी हुई है। चर्चा है कि सुबह ही किसी बात से नाराज मोहित ने अपना मोबाइल पटककर तोड़ दिया था। बाद में उसे ही बनवाने के लिए 1500 रुपये अपनी मां से मांग रहा था। मां ने डांट फटकार लगाकर पैसे देने से इन्कार कर दिया था। पुलिस के मुताबिक, मां-बेटी दोपहर में खाना बनाकर बाजार गई थी। इस दौरान घर पर मोहित अकेला था। कीचन से मोहित ने खाना निकाला था, लेकिन उसे हाथ भी नहीं लगाया। थाली में परोसा भोजन पड़ा था। पता नहीं उसके मन में क्या आया वह घर में लगी कुंडी में फंदा लगाकर लटक गया। अहमदाबाद में काम करता था मोहित मौत की सूचना पर घर पहुंची मोहित की शादीशुदा दोनों बहनों रोली और होली का रो-रोकर बुरा हाल है। दोनों बहनों के ससुराल में सूचना दी गई थी। उन्होंने बताया कि किसी ने यह नहीं बताया कि दो मौतें हुई हैं, कहा गया था तबियत खराब है। यहां आकर पता चला कि मेरा भाई और बहन दोनों अब दुनिया में नहीं हैं। मां की भी हालत गंभीर है। पिता की मौत के बाद पूरे घर का एक ही सहारा मोहित था। वह अहमदाबाद में एक कालोनी में लोगों के कपड़े प्रेस करता था। इससे मिले पैसे घर भेजता था, जिससे परिवार चलता था। पहले बेटे की अर्थी को कंधा दिया अब पोते-पोती को देंगे मुखाग्नि भाई-बहन की मौत पर चीख पुकार मच गई थी। मोहित के बाबा हरिलाल (72) पशु चराने गए थे। लौटे तो दरवाजे पर भीड़ देखकर सहम गए। घटना सुनते ही जमीन पर बैठ गए। वह रोते हुए कह रहे थे कि पता होता तो मैं कभी नहीं जाता। सुप्रिया और मोहित ही मेरे लिए सहारा थे। दिन भर सुप्रिया मेरी सेवा करती थी। बेटे की मौत 10 साल पहले हो चुकी है। पहले बेटे को कंधा दिया, अब पोते-पोती कंधा देना पड़ेगा। यह पता होता तो पहले ही अपना गला घोंट लेता। मेरी तो समझ में ही नहीं आ रहा है कि अचानक एक ही दिन में क्या हो गया। 10 दिन पहले ही अहमदाबाद से मोहित घर आया था। वर्जनगृह क्लेश में युवक ने फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। यह देखकर मां-बेटी ने भी सल्फास की गोलियां खा लीं। पुलिस मामले की जांच पड़ताल कर रही है।- जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव, एसपी उत्तरी समाचार 13 Share