शराब-सिगरेट के लिए दोस्त की हत्या, पेट्रोल डालकर लाश जलाई: सिर पर गमला पटका, गिरते ही चाकू से गला रेत दिया
लखनऊ में शराब-सिगरेट के लिए युवक की दो दोस्तों ने हत्या कर दी। पहले उसके सिर पर गमला मारा। फिर बेहोश होते ही चाकू से गला रेत दिया। पहचान छिपाने के लिए पेट्रोल छिड़ककर शव को आग लगा दी। पुलिस ने युवक की पहचान नगराम के टिकरा गांव निवासी सचिन तिवारी के रूप में की है।
पुलिस के मुताबिक, सचिन ने दोस्त निहाल के घर पर शराब पार्टी दी थी। तभी शराब खत्म होने पर उनका विवाद हो गया। दोस्तों ने सचिन के शव को जलाकर भागीरथी एन्क्लेव के पास फेंक दिया। पुलिस ने दोनों आरोपी दोस्तों को बुधवार को अरेस्ट किया है। घटना 7 जनवरी की सुशांत गोल्फ सिटी इलाके की है।
शव को प्लास्टिक में बांधकर स्कूटी पर लादा
निहाल ने सचिन की हत्या के बाद ममेरे भाई करन वाल्मीकि को भी फोन करके बुलाया। इसके बाद तीनों ने मिलकर शव को पहले चादर में लपेटा। फिर प्लास्टिक में बांधकर स्कूटी पर लाद लिया। शव को ठिकाने लगाने के लिए निकल पड़े। पुलिस ने तीसरे आरोपी के नाम का अभी तक खुलासा नहीं किया है।
तीनों आरोपियों ने भागीरथी एन्क्लेव के पास रास्ते में एक सुनसान खाली मैदान देखकर शव को दूसरी तरफ फेंक दिया। इसके बाद आरोपी पेट्रोल लेने नीलमथा गए, जहां बोतल में पेट्रोल देने से मना कर दिया गया। तब स्कूटी में 100 रुपए का पेट्रोल डलवाकर आरोपी दोबारा शव के पास पहुंचे और अपने मफलर से स्कूटी में तेल निकालकर शव पर छिड़ककर उसको जला दिया।
मां और दोस्त ने सबूत मिटाने की कोशिश की
सुशांत गोल्फ सिटी इंस्पेक्टर राजीव रंजन उपाध्याय ने बताया- घटना के समय निहाल की मां बगल के कमरे में मौजूद थी। हत्या के बाद उन्हें घटना की जानकारी हुई। जिस पर उन्होंने खुद ही शव ढकने के लिए चादर दी। इसके बाद निहाल ने करन को फोन करके घर बुलाया और स्कूटी से आने को कहा। निहाल की मां और करन ने मिलकर घर में हुई हत्या के सबूत मिटाने की कोशिश की। घटना के बाद से निहाल की मां मां और एक दोस्त फरार है, जिसका नाम विनय बताया जा रहा।
सचिन के भाई विपिन ने पुलिस को बताया कि आठ जनवरी की सुबह उनका भाई दोस्त रजनी खंड निवासी निहाल के साथ पेशी पर जाने की बात कहकर निकला था। शुक्रवार को उसका शव मिला था। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में गला कसकर हत्या की पुष्टि हुई थी। सचिन का शांतिभंग में चालान हुआ था, जिसके लिए वह पेशी पर गया था।
सचिन के परिजनों ने बताया कि सात जनवरी को निहाल उनके घर पर ही रुका था। निहाल के साथ जाते समय सचिन अपना फोन घर पर भूल गया था। सचिन ने निहाल की इंस्टा आईडी से भाई को वॉयस मैसेज भेजकर बाहर घूमने जाने की बात कही थी। उसने दो-तीन दिन में वापस आने को कहा था। तीन दिन बाद भी न लौटने पर उसकी तलाश शुरू की गई थी। सचिन पर पहले से छह मुकदमे दर्ज थे।