प्रतापगढ़ सांसद पर चैंबर ऑफ इंडस्ट्रीज वेलफेयर सोसाइटी के सचिव ने शिकायती पत्र भेजकर लगाया गंभीर आरोप
PRATAPGARH सांसद संगम लाल गुप्ता ने अपनी निधि का एक भी पैसा औद्योगिक क्षेत्र सुखपाल नगर में नहीं लगाया। ऐसा आरोप चैंबर ऑफ इंडस्ट्रीज वेलफेयर सोसाइटी (रजिस्टर्ड) के सचिव अनुराग खंडेलवाल ने ऐन चुनाव के समय लगाकर राजनीति में गर्माहट पैदा कर दी है। सचिव अनुराग खंडेलवाल ने कहा कि जब वह विधायक थे, तब भी उन्होंने एक पाई खर्च नहीं की और सांसद बनने के बाद भी एक धेला का सहयोग किया। फिर भी सुखपाल नगर के औद्योगिक क्षेत्र के स्वतंत्र फीडर से अपने परिसर की विद्युत लाइन को जोड़कर नियम विरुद्ध तरीके जोड़कर उसका बेजा लाभ उठा रहे हैं। शिकायत पर अधिकारियों ने नजरंदाज कर लिया, जबकि आचार संहिता का सांसद संगम लाल गुप्ता द्वारा सीधे तौर पर उलंघन किया गया है।

एटीएल की बहाली तो दूर, औद्योगिक क्षेत्र सुखपाल नगर के नहीं बहुरे दिन
प्रतापगढ़ जनपद औद्योगिक विहीन जनपदों में से एक है। शासन व जिला प्रशासन द्वारा घोषित औद्योगिक क्षेत्र सुखपाल नगर सांसद संगम लाल गुप्ता के घर से एक किलोमीटर दूर राष्ट्रीय राजमार्ग पर मौजूद है। कटरा चौराहे पर सांसद जी का घर है और सुखपाल नगर चौराहे पर उनके पीआरओ अभिषेक पाण्डेय का घर है। लखनऊ आते-जाते समय हमेशा उनका आवागमन औद्योगिक क्षेत्र सुखपाल नगर से होता रहता है। यही नहीं दो बार यहां पर नितिन गडकरी की जनसभा भी कराई जा चुकी है। उस समय लोगों में आस जगी थी कि शायद इस औद्योगिक क्षेत्र के कायाकल्प की कोई घोषणा हो, परंतु इच्छा शक्ति के अभाव में ऐसा संभव नहीं हो पाया।
औद्योगिक क्षेत्र के स्वतंत्र फीडर से नियम विरुद्ध तरीके से अपने परिसर की विद्युत लाइन को जोड़कर सांसद पर अपने पद और पावर का अनुचित लाभ लेने की शिकायत को अधिकारियों ने किया नजरंदाज
भाजपा उम्मीदवार संगम लाल गुप्ता औद्योगिक क्षेत्र सुखपाल नगर का कायकल्प तो नहीं कर सके, परन्तु उसकी बदहाली के लिए भी एक कदम आगे नहीं बढ़ सके। औद्योगिक क्षेत्र सुखपाल नगर की बदहाली किसी से छिपी नहीं हुई है। एक तरफ जहां मुंबई के कारोबारी को खाली पड़े एटीएल भू-भाग पर में बसा कर बड़ा उद्योग लगाने की बात सांसद संगम लाल गुप्ता करते हैं, वहीं दूसरी ओर बदहाल औद्योगिक क्षेत्र का कायाकल्प करने के बजाय औद्योगिक क्षेत्र के स्वतंत्र फीडर से अपने परिसर की विद्युत लाइन को जोड़कर नियम विरुद्ध तरीके से अपने पद और पावर का अनुचित लाभ लेने में तनिक भी संकोच नहीं किया। ऐसा आरोप इंडस्ट्रीज वेलफेयर सोसाइटी (रजिस्टर्ड) के सचिव अनुराग खंडेलवाल ने अधिकारियों को पत्र लिखकर लगाया है।
सांसद प्रतापगढ़ संगम लाल गुप्ता से प्रतापगढ़ की जनता साढ़े सात वर्षों का मांग रही हिसाब
साल-2017 के चुनाव में प्रतापगढ़ विधानसभा से संगम लाल गुप्ता अपना दल एस और भाजपा के संयुक्त उम्मीदवार रहे और प्रतापगढ़ की जनता ने प्रचंड बहुमत से इन्हें विधायक चुना। महज ढाई साल में ही अपना दल एस के विधायक रहते साल-2019 में भाजपा ने संगम लाल गुप्ता को अपना उम्मीदवार बनाया और प्रतापगढ़ से सांसद निर्वाचित हुए। प्रतापगढ़ की जनता को लगा कि संगम लाल गुप्ता के समर्थन में स्वयं प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी जीआईसी के मैदान में जनसभा कर उन्हें जिताने की अपील करने आये थे। यदि इस बार सनाग्म लाल गुप्ता को सांसद बना दिया जाये तो प्रतापगढ़ का भी रुका हुआ विकास गति पकड़ लेगा और प्रतापगढ़ भी थर्ड क्लास जिले की श्रेणी से सेकण्ड क्लास जिले की श्रेणी में आ सकेगा।
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लोकसभा चुनाव-2019 में प्रतापगढ़ की जनता ने भाजपा उम्मीदवार संगम लाल गुप्ता को झूम कर वोट दिया और वह एक लाख से अधिक मतों से विजयी हुए। प्रतापगढ़ का दुर्भाग्य रहा कि 17वीं लोकसभा का कार्यकाल ढाई साल तक तो कोरोना संक्रमण खा लिया और जो ढाई साल बचा उसमें उस अपेक्षा से संगम लाल गुप्ता प्रतापगढ़ के विकास के पहिये को गति नहीं पकड़ा सके, जिसकी प्नरतापगढ़ की जनता ने प्रतापगढ़ की जनता ने अपेक्षा की थी। 18वीं लोकसभा चुनाव का विगुल बज चुका है और भाजपा ने अपनी पहली सूची में प्रतापगढ़ के सांसद संगम लाल गुप्ता पर भरोसा जताते हुए पुनः अपना उम्मीदवार बना दिया है। देखना है कि प्रतापगढ़ की जनता बार भी मोदी जी के नाम पर प्रतापगढ़ का सांसद चुनती है अथवा वोट की चोट से बदलाव करती है।