प्रतापगढ़ में 50 फीसदी DJ साउंड पुरानी कंडम हुई जीप को मॉडिफाई करके हो रहे हैं, संचालित
प्रतापगढ़। शादी विवाह सहित धार्मिक आयोजनों में DJ साउंड बजाने का चलन हो गय है। परंतु जनपद प्रतापगढ़ में DJ संचालकों द्वारा पुरानी जीप जिसका रजिस्ट्रेशन भी खत्म, बीमा भी खत्म, प्रदूषण भी खत्म और परमिट भी खत्म रहता है। वैसे वाहनों को डीजे संचालक परिवहन विभाग और पुलिस प्रशासन को ठेंगा दिखाकर डीजे संचालित करते हैं।
यदि राजस्व चोरी की बात करें तो एक साल में करोड़ों रुपये की चोरी डीजे संचालकों द्वारा की जा रही है। सूत्रों की बातों पर यकीन करें तो डीजे संचालित वाहन चोरी के भी हो सकते हैं। चूँकि जिन वाहनों का कोई वैध कागजात नहीं, वह चोरी के भी हो सकते हैं। ऐसे में परिवहन और पुलिस विभाग की जिम्मेदारी बढ़ जाती है कि जिले में संचालित सभी डीजे संचालकों को नोटिस जारी करें और उनके वाहनों का वेरिफिकेशन करें।
जिन DJ संचालकों के पास वाहन के वैध कागजात न हो उन्हें तत्काल प्रभाव से सीज करें और वाहन को संचालित करने वाले के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया जाए। साथ ही जब से वाहन का कागजात समाप्त हुआ हो, तब से डीजे संचालकों से जुर्माने के साथ टैक्स की वसूली परिवहन विभाग वसूल करें। तभी अवैध DJ संचालकों पर अंकुश लगाया जा सकेगा। अन्यथा DJ संचालकों की मनमानी पर रोक लगा पाना संभव नहीं है।