पूर्व बसपा विधायक के भतीजे की हत्या:पहले लाठी-डंडों से पीटा, धारदार हथियार से वार किया, फिर सीने पर चढ़ाई गाड़ी
बुलंदशहर में जमीनी विवाद में पूर्व बसपा विधायक मरहूम हाजी अलीम के भतीजे की हत्या कर दी गई। वह अपने भाई के साथ जमीन की पैमाइश पर गए थे। तभी दूसरे पक्ष से विवाद हो गया।उन्होंने दोनों भाइयों पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। जब दोनों बेसुध होकर गिर गए, तो धारदार हथियार से कई वार किए। इसके बाद दोनों के सीने पर गाड़ी चढ़ा दी और फरार हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंची। दोनों भाइयों को अस्पताल ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने छोटे भाई सूफियान (43) को मृत घोषित कर दिया। जबकि अकरम (45) का इलाज चल रहा है। घटना कोतवाली देहात क्षेत्र के ग्यासपुर गांव की है।
अब पढ़िए पूरा मामला…
ग्यासपुर गांव निवासी सूफियान और अकरम, सदर विधानसभा क्षेत्र से 2 बार बसपा के टिकट पर विधायक रहे मरहूम हाजी अलीम के भतीजे हैं। उनके पिता हाजी वाहिद प्रॉपर्टी डीलर हैं। वहीं सूफियान के चाचा हाजी यूनुस सदर ब्लॉक प्रमुख रह चुके हैं। मौजूदा समय में उनकी पत्नी ब्लॉक प्रमुख हैं। 2022 के विधानसभा चुनाव में हाजी यूनुस ने सदर सीट से रालोद के टिकट पर चुनाव लड़ा था।
घटना की सूचना मिलते ही जिला अस्पताल में सैकड़ों की भीड़ पहुंच गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी दिनेश कुमार सिंह फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे।
जिला अस्पताल और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। एहतियातन 3 थानों की पुलिस फोर्स तैनात की गई है, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने दो संदिग्धों को हिरासत में लिया, स्कॉर्पियो जब्त
एसएसपी दिनेश कुमार सिंह ने बताया- दो संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। वारदात में इस्तेमाल की गई स्कॉर्पियो गाड़ी को भी पुलिस ने अपनी कस्टडी में ले लिया है। पूरा विवाद नीमखेड़ा स्थित डॉ. मुमताज के करीब 24 बीघा बाग से जुड़ा है।
वकील के साथ पैमाइश कराने पहुंचे थे
डॉ. मुमताज इस बाग को बेचने की तैयारी में थे, जिसके लिए सूफियान और अकरम उनसे बातचीत कर रहे थे। रविवार शाम करीब 7:15 बजे नमाज के बाद सूफियान और अकरम अपने वकील कादिर के साथ बाग की पैमाइश करने पहुंचे थे, ताकि रोड साइड के फ्रंट को नापा जा सके।
जब दोनों भाई बाग की पैमाइश कर रहे थे, तभी एक स्कॉर्पियो सवार व्यक्ति वहां पहुंचा और उनसे पूछताछ करने लगा। देखते ही देखते बातचीत बहस में बदल गई। वहां अन्य लोग भी आ गए। हमलावरों ने दोनों भाइयों पर हमला कर दिया। सूफियान की अस्पताल ले जाते समय मौत हो गई। वहीं अकरम खतरे से बाहर है।