‘मां को हथौड़े से मार डाला…मेरे हाथ-पैर बांध दिए’, हत्या और लूटकांड में जिंदा बची बेटी ने सुनाई स्टोरी
कन्नौज में दिनदहाड़े महिला की हत्या और बेटी को बंधक बना लिया। लाखों की लूट की गई है। घर में टाइल्स लगाने वाले ठेकेदार और उसके भतीजे ने वारदात को अंजाम दिया है। बेटी ने पड़ोसी की छत पर कूद कर जान बचाई। बदमाश सीसीटीवी में कैद हो गए। कन्नौज में बदमाशों ने सोमवार को दिनदहाड़े महिला और बेटी को बंधक बनाकर लाखों रुपये की नकदी व जेवरात लूट लिए। विरोध पर महिला की हत्या कर दी। बेटी ने किसी तरह पड़ोसी की छत पर कूद कर जान बचाई। घर में टाइल्स लगाने वाले ठेकेदार ने अपने भतीजे के साथ मिलकर लूटपाट की। बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए एसपी ने तीन टीमों का गठन किया है।
मोहल्ला कुतलूपुर मकरंदनगर में सोमवार दोपहर दो बजे घर में घुसे दो बदमाशों ने सुनीता श्रीवास्तव (50) और उनकी बेटी कोमल (26) के हाथ-पैर बांध दिए। घर से लाखों की नकदी व जेवरात लूटने के बाद रस्सी से गला कसकर सुनीता की हत्या कर दी। इस दौरान कोमल ने किसी तरह अपने हाथ पैर खोले और पड़ोसी सीमा चतुर्वेदी की छत पर कूद गई और जीने का दरवाजा खटखटाया। सीमा की बेटी मेघा ने दरवाजा खोला तो उसने वारदात की जानकारी दी। इस बीच बदमाश भाग गए। पड़ोसियों ने जाकर देखा तो सुनीता कमरे में बेसुध पड़ी थी।
छोटा मकान होने की वजह से बनवाया दूसरा मकान
पति की मौत के बाद सुनीता को बीमा क्लेम के रुपये मिले तो उन्होंने मोहल्ले में ही दूसरा प्लाट खरीद लिया और उस पर बड़ा मकान बनवाया। जिस मकान में वह रह रहीं हैं, वह दस फीट चौड़ा और 28 फीट लंबा है। इस वजह से कोई रिश्तेदार आ जाता था तो दिक्कत होती थी। तीन माह पहले मकान तैयार होने पर सुनीता ने जसवंत को वर्ग फीट के हिसाब से टाइल्स-पत्थर लगाने का ठेका दिया था।
बलरामपुर का रहने वाला है शातिर जसवंत
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मुख्य आरोपी जसवंत मूलरूप से बलरामपुर जिले का रहने वाला है और मकानों में टाइल्स-पत्थर लगाने का काम करता है। जिले में वह तिर्वा कोतवाली क्षेत्र के फगुहा गांव में विनोद दुबे के मकान में किराये पर रहता है। उसका भतीजा भी साथ में रहता है, जो जसवंत को पापा कहकर बुलाता है। इससे लोग उसे बाप-बेटा ही समझते हैं। फगुहा में उसके परिवार के लोगों का भी आना-जाना लगा रहता है। पुलिस उन लोगों के बारे में भी जानकारी कर रही है।