पप्पू यादव को न्यायिक हिरासत में भेजा गया, जमानत याचिका पर सोमवार को सुनवाई
बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव की जमानत याचिका पर सोमवार (9 फरवरी) को सुनवाई होगी। उनके वकील शिवनंदन भारती ने यह जानकारी दी। सांसद को दो दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। फिलहाल उन्हें PMCH अस्पताल में रखा जाएगा।जानकारी के मुताबिक 31 साल पुराने एक मामले में गिरफ्तार पप्पू यादव को कोर्ट के आदेश पर न्यायिक हिरासत में बेउर जेल भेज दिया गया है। गिरफ्तारी के बाद उन्हें पटना सिविल कोर्ट में पेश किया गया, जहां सुनवाई के बाद कोर्ट ने उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया। हालांकि,उनके स्वास्थ्य को देखते हुए जेल भेजने से पहले इलाज के लिए उन्हें पटना मेडिकल कॉलेज अस्पताल (PMCH) में भर्ती कराया है।
सांसद को PMCH में भर्ती कराया गया
इधर शनिवार को पत्रकारों से बात करते हुए वकील शिवनंदन भारती ने सांसद की गिरफ्तारी में पुलिस की संदिग्ध कार्रवाई का आरोप लगाया। उन्होंने बताया कि बिगड़ते स्वास्थ्य के कारण यादव को न्यायिक हिरासत में पटना मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (पीएमसीएच) में भर्ती कराया गया है। उन्होंने कहा कि गिरफ्तारी के बाद पप्पू यादव के बिगड़ते स्वास्थ्य का अदालत ने तुरंत संज्ञान लिया और उन्हें न्यायिक हिरासत में पीएमसीएच में स्थानांतरित करने का आदेश दिया।
जमानत पर सोमवार को सुनवाई
उन्होंने आगे बताया कि अदालत ने पप्पू यादव की जमानत याचिका पर सुनवाई सोमवार को तय की है सांसद के खिलाफ लगे आरोपों पर सवाल उठाते हुए भारती ने कहा कि गिरफ्तारी के समय पप्पू यादव ने पुलिस के साथ पूरा सहयोग किया था। उन्होंनने आरोप लगाया कि कल सबके सामने उनकी गिरफ्तारी हुई,उस समय सांसद ने खुद कहा था, मुझे अपने साथ ले चलो फिर भी अब उन पर पुलिस के काम में बाधा डालने का आरोप लगाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह सबके सामने स्पष्ट है कि सांसद ने पुलिस का सहयोग किया। इसके बावजूद एक नई एफआईआर दर्ज की गई है, इससे पुलिस की मंशा समझ में आती है।
पटना से किया गया था गिरफ्तार
इससे पहले दिन में, 1995 के एक भूमि विवाद मामले में गिरफ्तारी के बाद स्वास्थ्य बिगड़ने पर पप्पू यादव को पीएमसीएच में भेज दिया गया था। भूमि विवाद मामले में अदालत में पेश न होने पर निर्दलीय सांसद को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने पटना स्थित उनके आवास से उन्हें हिरासत में गिरफ्तार किया था। इस दौरान पप्पू यादव ने अपनी सुरक्षा को लेकर कहा था कि मेरी तबीयत ठीक नहीं है। मुझे नहीं पता कि मेरे साथ क्या होगा।
पप्पू यादव ने कही थी ये बात
पप्पू यादव ने कहा था कि उन्हें संदेह है कि पुलिस उन्हें नुकसान पहुंचा सकती है। उन्होंने कहा कि वह पुलिस स्टेशन जाने के बजाय सीधे अदालत जाना चाहते है। उन्होंने कहा कि अदालत ने उन्हें अगले दिन तलब किया था और सुझाव दिया था कि उन्हें नजरबंद किया जा सकता है। यादव ने पुलिस के सादे कपड़ों में आने पर सवाल उठाते हुए कहा कि उन्हें पहले लगा था कि पुलिस उन्हें जान से मारने आई है। मामले का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि यह मामला करीब 35 साल पहले दर्ज किया गया था।
उन्होंने कहा था कि मुझे शक है कि मेरी हत्या की होगी, मैं सीधे अदालत जाऊंगा, मैं पुलिस स्टेशन नहीं जाऊंगा। अगर वे चाहें तो मुझे नजरबंद कर सकते है। अदालत ने मुझे बुलाया है। पुलिस वाले अपराधियों की तरह सादे कपड़ों में यहां आए थे। मुझे लगा कि वे मुझे मारने आए है। क्या यह किसी अपराधी का घर है? करीब 35 साल पहले एक मामला दर्ज हुआ था और पुलिस उसी मामले के सिलसिले में मुझे गिरफ्तार करने आई है’।