किरायेदार के लड़के सारिफ ने माँगा भवन स्वामी के लड़के मोमिन से जर्जर दुकान छोड़ने के लिए 10लाख रूपये, किरायेदार के लड़के ने दिखाई अपनी असल औकात

प्रतापगढ़। वर्षों से दुकान को किराये पर लेकर दुकान संचालक हलीम और उनके लड़कों ने गुड़ई की इंतहा पार कर दी। किराये की जर्जर दुकान खाली करने के लिए भवन स्वामी से 10 लाख रूपये की माँग करते समय उसकी जुबान नहीं काँपी। ये तो वही कहावत चरितार्थ हो रही है कि नेकी करो जूता खाओ, मैं भी खाया, तू भी खा लो।
चौक कचेहरी रोड़ पर फलमंडी गेट के सामने खान मार्केट में दुकान नम्बर-1 जिसे मोहम्मद मतीन ने हलीम को किराये पर दिया था। आज भी हलीम कोर्ट में उसका किराया सिर्फ 125 रूपये जमा करता है। जबकि खान मार्केट में दुकान नम्बर- 1 का भाड़ा आज की तारीख में 15 हजार रूपये से कम नहीं होगा। दुकान संचालित करने के लिए भवन किराये पर देना भवन स्वामी की सबसे बड़ी भूल साबित हो रही है।
सच में ऐसे ही लोग भवन स्वामियों के भरोसे को तोड़कर दूसरे ज़रूरत मंद लोगों का रास्ता बन्द कर देते हैं। दुकान की छत गिर जाने के बाद से दुकानदार हलीम और उनके लड़कों ने भवन स्वामी मतीन और उनके लड़कों से तरह-तरह की डील करने के लिये अलग-अलग लोगों को लगाया, विफल होने पर किरायेदार हलीम के लड़के सारिफ ने भवन स्वामी मतीन के बेटे मोमिन से दुकान छोड़ने के लिये 10 लाख रूपये की शर्त रखी है।
दुकानदार के लड़के की पहली शर्त कि पहले 10 लाख रूपये दो, तब दुकान की चाभी दूंगा। नहीं तो दुकान खाली नहीं करा सकोगे। चाहे जो हो जाए। योगी राज में इस तरह की गुंडई कि किराएदार भवन स्वामी से दुकान खाली कने के लिये रंगदारी और गुंडा टैक्स की माँग करे और योगी की पुलिस मूक दर्शक होकर उसका तमाशा देख रही है। तभी तो किरायेदार के लड़कों ने भवन स्वामी के लड़के मोहसिन को अभी तक दो मार चुके हैं।
मजबूर होकर भवन स्वामी के लड़के मोहसिन ने अपने साथ की गई मारपीट का मुकदमा कोतवाली नगर में लिखाया है और उसकी विवेचना भी जारी है। फिर भी किरायेदार के लड़के बाहरी बदमाश किस्म के लड़को को बुलाकर देर रात तक जर्जर दुकान के बाहर बैठाते हैं। ऐसा करके दुकानदार के लड़कों द्वारा एक भय का माहौल बनाया जा रहा है, ताकि भवन स्वामी डर जाए और उसकी दुकान खाली होने से बच जाए।