बॉयफ्रेंड ने की थी डीएलएड छात्रा की हत्याः शादी करना चाहता था, मना किया तो गला घोंटा; पुलिस एनकाउंटर में गिरफ्तार
बरेली में डीएलएड छात्रा नीतू गंगवार (23) का हत्यारा उसका ही बॉयफ्रेंड निकला। नीतू की लाश 16 मई को खेत में मिली थी। परिजनों ने उसके दोस्तों पर हत्या का शक जताया था। पुलिस ने नीतू की कॉल डीटेल खंगाली तो आरोपी अशोक कुमार (24) पर शक हुआ। जांच में पुलिस को अशोक की लोकेशन का पता चला। रविवार रात 2 बजे एसओजी प्रभारी सुनील शर्मा और सीबीगंज पुलिस की टीम ने ट्यूलिया अंडरपास के पास अशोक को घेर लिया। पुलिस को देखते ही आरोपी फायरिंग कर भागने लगा। जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी।
वह जमीन पर गिर पड़ा। पुलिस ने उसे दबोच लिया। उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया। मुठभेड़ सीबीगंज थाना क्षेत्र के ट्यूलिया अंडरपास के पास हुई। पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। उसने बताया-नीतू से शादी करना चाहता था, लेकिन उसने मना कर दिया। नाराज होकर दुपट्टे से उसका गला घोंट दिया। शव को छोड़कर भाग गया।
पहले सिलसिलेवार तरीके से पूरा मामला समझ लीजिए-
मानपुर गांव के सोमपाल गंगवार (50), सुभाष चंद्र बोस आदर्श विद्यालय के प्रबंधक हैं। पत्नी राजो देवी गृहणी हैं। उनकी 3 बेटियां और एक बेटा है। सबसे बड़ी बेटी पूजा कुमारी (26) की शादी हो चुकी है। दूसरे नंबर पर नीतू गंगवार थी। वह बहेड़ी के दर्शन सिंह डिग्री कॉलेज में डीएलएड की पढ़ाई कर रही थी।
पिता सोमपाल ने बताया- नीतू की डीएलएड परीक्षा का केंद्र फरीदपुर के छत्रपति शिवाजी इंटर कॉलेज में था। परीक्षा देने के लिए वह इज्जतनगर के आलोकनगर के रहने वाले अपने मौसा प्रेम शंकर के घर गई थी। 3 दिनों से वहीं रुककर पेपर दे रही थी।
शुक्रवार 15 मई को भी वह रोज की तरह परीक्षा देने के लिए घर से निकली, लेकिन देर शाम तक घर नहीं लौटी। मौसा-मौसी को चिंता हुई। उन्होंने उसके पिता को फोन किया। परिजन उसको तलाशने लगे, लेकिन कहीं पता नहीं चला।
परिजन ने थाने में गुमशुदगी रिपोर्ट लिखाई
नीतू के मौसा प्रेम शंकर ने बताया- शुक्रवार को सुबह उन्होंने ही उसे बाइक से बारादरी थानाक्षेत्र के सैटेलाइट बस स्टैंड के पास छोड़ा था। घर नहीं लौटी तो वो और परिजन शाम 7 बजे इज्जतनगर थाने पहुंचे। पुलिस को सूचना दी। पहले तो पुलिस ने उनकी कोई मदद नहीं की। फिर कहा कि मामला बारादरी थाना क्षेत्र का है। वहां जाकर तहरीर दे दो।
उन्होंने बताया- इसके बाद रात 12 बजे बारादरी थाने पहुंचे। पुलिस ने उनकी तहरीर ले ली और सुबह फोटो लेकर बुलाया ताकि सभी थानों में डिटेल शेयर की जा सके। साथ ही कॉलेज से भी छात्रा के बारे में पता करने की सलाह दी।
सीसीटीवी में कॉलेज से बाहर आते दिखी
मौसा प्रेम शंकर ने बताया- रात करीब डेढ़ बजे परिजन घर लौटे। शनिवार सुबह 9 बजे फरीदपुर कालेज पहुंचकर हम लोगों ने कॉलेज का सीसीटीवी चेक किया तो पता चला कि लड़की अकेले ही निकली थी। सीसीटीवी में वह दोपहर 12.39 बजे निकलते दिखाई दी। हालांकि, कॉलेज जाने वाले रास्ते के सीसीटीवी चेक कराए तो वह कॉलेज जाते हुए दिखी, लेकिन वापस लौटते नहीं दिखाई दी। जब मामला फरीदपुर थाना क्षेत्र का निकला तो परिजन फरीदपुर थाने गए। वहां तहरीर दी।
उन्होंने बताया- नीतू की कुछ लड़कों से अक्सर फोन पर बातचीत होती थी। 15 मई तक उनकी बात हुई। जब बेटी लापता हो गई तो उनसे संपर्क साधने की कोशिश की गई तो उन्होंने बात करने से साफ मना कर दिया। उन्होंने लाश की पहचान के लिए सोशल मीडिया पोस्ट के पुलिस के फैसले पर सवाल उठाए।
उन्होंने कहा- हम लोग फोटो देखकर सीबीगंज थाने पहुंचे। वहां से पोस्टमॉर्टम हाउस जाकर लड़की की पहचान की। उसका मोबाइल और एडमिट कार्ड गायब था। जब हमने पहले ही गुमशुदगी और एफआईआर की तहरीर दे रखी थी तो पुलिस का पहचान कराने के लिए फोटो शेयर करना समझ में नहीं आ रहा।
अब जानिए कैसे पकड़ा गया आरोपी…
एसएसपी अनुराग आर्या ने बताया- घटना का खुलासा करने के लिए चार टीमों का गठन किया था। टीमें जांच में जुटी थीं। इसी बीच नीतू की छोटी बहन ने अपने पिता को बताया कि अशोक से उसकी अच्छी फ्रेंडशिप है। हो सकता है बहन उसके साथ गई हो। पिता ने यह बात पुलिस को बताई।
उन्होंने बताया- पुलिस ने आरोपी अशोक के गांव जाकर पड़ताल की। पता चला कि अशोक गांव से गायब है। इसके बाद सर्विलांस टीम ने उसकी लोकेशन ट्रेस की तो पता चला कि वह दिल्ली वाले मार्ग पर जा रहा है। उसके बाद एसओजी और सीबीगंज पुलिस ने उसे एनकाउंटर में पकड़ लिया।
नीतू के पिता के स्कूल से की थी पढ़ाई
आरोपी अशोक ने बताया- वह नीतू के पड़ोस के गांव लखीमपुर भिका का रहने वाला है। उसने नीतू के पिता के मानपुर स्थित स्कूल से 2020 में हाईस्कूल किया था। तभी से उसकी जान-पहचान नीतू से हो गई थी। पहले दोनों की दोस्ती हुई। धीरे-धीरे अफेयर शुरू हो गया। अक्सर दोनों का मिलना-जुलना होता था। वह रोज उसे कॉलेज छोड़ने भी जाता था।
शादी से इनकार करने पर की हत्या
आरोपी ने बताया- 15 मई को नीतू का आखिरी पेपर था। पेपर के दौरान नीतू का मोबाइल अशोक के पास रहता था। इस दौरान उसके मोबाइल पर कई और दोस्तों के मैसेज और फोन आए। ये बात उसे बुरी लगी। जब पेपर छूटने के बाद वह नीतू को छोड़ने जा रहा था, तभी उसने दो बार उसे बाइक से गिराया, लेकिन नीतू कुछ समझ नहीं पाई। अशोक ने बाइक पर चलते-चलते छात्रा से कहा, ‘तुम मुझसे शादी करोगी?’ इस पर छात्रा ने इनकार कर दिया। इस वजह से वह उसे बड़े बाईपास पर ले गया और गला दबाकर हत्या कर दी।