फौजी ने प्रेमिका को चाकू से गोदकर दफनायाः शादी के बहाने बुलाया, दिनभर साथ घूमे, फिर मार डाला; बैग से मिला सिंदूर
प्रयागराज में आर्मी जवान (फौजी) ने 17 साल की प्रेमिका की हत्या कर दी। शव एक बाग में दफना दिया। प्रेमिका इंटरमीडिएट की छात्रा थी। फौजी की शादी होने वाली थी। प्रेमिका अपने साथ शादी करने की जिद पर अड़ी थी। फौजी ने प्रेमिका को रास्ते से हटाने का प्लान बनाया। उसने 10 नंवबर को अपनी प्रेमिका को मिलने के लिए बुलाया। पूरे दिन साथ में घूमते रहे। शाम को फौजी प्रेमिका को एक बाग में ले गया।
वहीं उसका पहले दुपट्टे से गला कस दिया। बेसुध होने पर चाकू से गोदकर हत्या कर दी।फिर शव को गड्ढे में दफनाकर भाग निकला। पुलिस ने छात्रा की लाश 15 नंवबर को बरामद की थी। छात्रा के बैग से सिंदूर की डिब्बी मिली थी। पुलिस ने सोमवार को इस घटना का करते हुए आरोपी फौजी को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी इतना कॉन्फिडेंट था कि वह पकड़ा नहीं जाएगा, इसलिए वह कहीं भागा नहीं था। घटना थाना थरवई के लखरांवा गांव की है।.
30 नवंबर को होनी थी शादी
आरोपी हर्षवर्धन सिंह उर्फ दीपक (26) थरवई के कुसुमगुर गांव का रहने वाला है। वह सेना में नायक है। इस समय उसकी तैनाती पटियाला में थी। छात्रा साक्षी उसे जून 2025 से जानती थी और दोनों में प्रेम संबंध थे। साक्षी बनकट इस्माइल गंज सोरांव की रहने वाली थी। यह 2022 से शहर के कैंट में अपने फूफा के घर रहती थी। जीजी आईसी कटरा में इंटर की छात्रा थी। इंस्टाग्राम से दोनों संपर्क में आए थे।
छात्रा कैंट में अपने फूफा के घर रहकर पढ़ाई करती थी। रास्ते में आते-जाते वह उससे मिलता था। इधर, हर्षवर्धन की शादी तय हो गई। 30 नवंबर को बारात जानी थी। इसलिए फौजी ने छात्रा से दूरी बनानी शुरू कर दी। छात्रा को जब शादी की बात पता चली तो उसने विरोध किया। कहा- वह शादी नहीं करने देगी। अगर उससे शादी नहीं की तो पुलिस में शिकायत करेगी। यह सुनकर आरोपी बौखला गया।
फौजी बोला- मंदिर में चलकर करेंगे शादी
पूछताछ में आरोपी ने पूरी घटना बताई। आरोपी फौजी दीपक ने बताया- 9 नवंबर को मैं छुट्टी लेकर आया था। कई बार छात्रा को समझाया, लेकिन वह मानने को तैयार नहीं थी। इस पर मैंने तय कर लिया कि उसे रास्ते से हटा दूंगा। घटना से एक दिन पहले रात भर उससे वॉट्सऐप पर बातें करता रहा। कहा कि 10 नवंबर को मैं मंदिर में तुमसे शादी करुंगा। इसके बाद उसे लेकर दूर चला जाऊंगा।
बाइक पर बैठाकर ले गया
तय प्लान के मुताबिक, घटना वाले दिन यानी 10 नवंबर को छात्रा सुबह आठ बजे स्कूल जाने के लिए घर से निकली। रास्ते में बालन चौराहे के पास उसे मैं मिला और उसे बाइक पर बैठाकर अपने साथ ले गया। दिन भर मैं उसे कंपनी गार्डन में घुमाता रहा। शाम के पांच बजे के करीब उसे थरवई में लखरांवा गांव में एक बाग में ले गया। इसके बाद उसका पहले दुपट्टे से गला कस दिया। बेसुध होने पर चाकू से गोदकर हत्या कर दी।
चाकू खरीदा था एक दिन पहले
आरोपी ने पूछताछ में यह भी बताया- मैंने एक दिन पहले ही इस घटना की प्लानिंग कर ली थी। 9 नवंबर को ही मैंने छुट्टी से आने के बाद चाकू खरीद लिया था। घटना वाले दिन छात्रा सिंदूर की डिबिया लेकर आई थी और जिद कर रही थी कि मैं उसकी मांग में सिंदूर भरकर शादी करूं। प्रेमिका मेरे मां-बाप से मिलने की जिद पर अड़ी थी।
2018 से था नौकरी में
पूछताछ में आरोपी ने बताया- मुझे 2018 में सेना में नौकरी मिली थी। उधर जांच में अभी सामने आया कि इससे पहले एक शादी में चोरी के मामले में भी उसका नाम आया था।
हालांकि उस मामले में मुकदमा नहीं दर्ज हुआ था
डिलीट कर दिया था चैट
डीसीपी गंगानगर कुलदीप सिंह गुनावत ने बताया- आरोपी ने घटना के बाद सबूत मिटाने की भी कोशिश की। उसके पास छात्रा के इंस्टाग्राम अकाउंट का लॉगिन आईडी और पासवर्ड था। इसके सहारे उसने चैट भी डिलीट कर दी। उसने ब्राउजर हिस्ट्री डिलीट नहीं की।
ब्राउजर हिस्ट्री चेक करने पर पता चला कि उसने घटना के बाद इंटरनेट पर यह सर्च भी किया था कि मोबाइल की चैट कैसे डिलीट करें। यह भी बताया कि छात्रा की ईमेल आईडी और पासवर्ड भी उसके पास था। इसके जरिए उसने फोन फॉर्मेट भी कर दिया था। पूछताछ में आरोपी ने यह भी बताया कि घटनास्थल उसके घर से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर है। वह उस स्थान को अच्छी तरीके से जानता था। इसीलिए उसने छात्रा की हत्या करने के लिए उस स्थान को चुना।
किताब में लिखा मिला नाम और मोबाइल नंबर
डीसीपी सिटी मनीष कुमार शांडिल्य ने बताया- इस घटना में छात्रा के गायब होने के अगले दिन उसका बैग बरामद हुआ था। इस बैग में एक किताब मिला जिस पर आरोपी दीपक का नाम और मोबाइल नंबर लिखा हुआ था। यही क्लू इस घटना के खुलासे के लिए निर्णायक साबित हुआ।