एन्टी करप्शन टीम प्रयागराज की बड़ी कार्यवाही, 87 हजार, 5 सौ रूपये घूस लेते नगरपालिका के निलंबित बाबू को रिश्वत लेते रंगे हाथों किया गिरफ्तार, ईओ ढकवा भी बने हैं, आरोपी
प्रतापगढ़। एन्टी करप्शन प्रयागराज मण्डल प्रयागराज इकाई द्वारा नगर पालिका परिषद बेला, प्रतापगढ़ के दफ्तर में आज दोपहर में बड़ी कार्यवाही करते हुए निलंबित लिपिक प्रशान्त सिंह को 87,500/-रु0 रिश्वत मांगे जाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। एन्टी करप्शन टीम ने नगरपालिका के निलंबित बाबू प्रशांत सिंह को घूस लेते रंगे हाथों दबोच कर कोतवाली नगर, प्रतापगढ़ ले गई। जहाँ सम्प्रति लिपिक (टाइपिस्ट) नगर पालिका परिषद् बेल्हा प्रतापगढ़ व अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत ढ़कवा, प्रतापगढ़ पर मुकदमा लिखा गया।
शिकायतकर्ता प्रवीण सिंह पुत्र रामपाल सिंह, निवासी- रोही, पोस्ट- रोही, थाना- उँज, जनपद- भदोही हाल पता- उस्तापुर, थाना- झुंसी, जनपद- प्रयागराज द्वारा इकाई में दिये गये प्रार्थना पत्र दिनांकित 06.01.2026 जिसमें अराजपत्रित लोकसेवक अधिशासी अधिकारी अभिनव यादव व लिपिक प्रशान्त सिंह द्वारा शिकायतकर्ता उपरोक्त के फर्म मेसर्स कैलाश गंगापुरम, प्रयागराज को आवंटित कार्यो को प्रारम्भ कराने की जगह को दिखाने एवं टी०एस० की अनुमति करवा कर कार्य प्रारम्भ कराने के एवज में 87,500/-रु0 रिश्वत मांगे जाने का आरोप लगाया गया है।
जिसके क्रम में शिकायतकर्ता प्रवीण सिंह उपरोक्त के द्वारा दिनांक- 06.01.2026 को भ्रष्टाचार निवारण संगठन इकाई कार्यालय प्रयागराज में दिये गये शिकायती प्रार्थना पत्र पर कार्यवाही करते हुए आज दिनांक- 09.01.2026 को भ्रष्टाचार निवारण संगठन, थाना/इकाई प्रयागराज की 14 सदस्यीय टीम द्वारा निरीक्षक अंजली यादव के नेतृत्व में घटना स्थल नगरपालिका परिषद बेल्हा प्रतापगढ़ के अधिशासी अधिकारी के टाइपिस्ट कक्ष में छापेमारी की। रिश्वत का मामला ढकवा नगर पंचायत का रहा, परन्तु लेनदेन का स्थल नगर पालिका परिषद् बेल्हा प्रतापगढ़ का दफ्तर रखा गया।
छापेमारी के दौरान शिकायतकर्ता से रू0 87,500/- रुपये रिश्वत लेते हुए लोकसेवक साक्षीगण व ट्रैप टीम के समक्ष आरोपी प्रशान्त सिंह पुत्र स्व० जंग बहादुर सिंह, निवासी- 81 अजीतनगर, पड़ाव वार्ड, थाना- कोतवाली नगर, जनपद- प्रतापगढ़ सम्प्रति लिपिक (टाइपिस्ट) नगर पालिका परिषद् बेल्हा प्रतापगढ़ को समय करीब 14.13 बजे प्रशांत सिंह, सम्प्रति लिपिक (टाइपिस्ट) नगर पालिका परिषद् बेल्हा प्रतापगढ़ रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया। सवाल उठता है कि ये रिश्वत का धन अधिशासी अधिकारी, नगर पंचायत ढ़कवा, प्रतापगढ़ अभिनव यादव के लिए लिपिक प्रशांत सिंह द्वारा लिया गया तो उनकी गिरफ्तारी क्यों नहीं की गई ?
इस रिश्वत काण्ड के दूसरे आरोपी अभिनव यादव पुत्र राजबली यादव सम्प्रति अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत ढ़कवा, प्रतापगढ़, थाना- कोतवाली नगर, प्रतापगढ़ को आरोपित किया गया है। दोनों के विरुद्ध अग्रिम विधिक कार्यवाही करते हुए एन्टी करप्शन प्रयागराज मण्डल प्रयागराज की इकाई द्वारा थाना- कोतवाली नगर, प्रतापगढ़ पर अभियोग पंजीकृत कराया गया। नगर पालिका परिषद बेला, प्रतापगढ़ के निलंबित बाबू प्रशांत सिंह पर आरोप है कि वह प्रवीण सिंह से रिश्वत की डिमांड किया था। प्रशांत सिंह नगर पालिका परिषद बेला, प्रतापगढ़ के अतिरिक्त ढकवा नगर पंचायत में पटल प्रभारी थे, परन्तु मूल तैनाती स्थल नगरपालिका से निलंबित होने के बाद सम्बद्ध स्थल पर स्वतः निलंबित हो गये थे।
सम्प्रति लिपिक (टाइपिस्ट) नगर पालिका परिषद् बेल्हा प्रतापगढ़ प्रशांत सिंह को नगर पालिका से उसे कुछ माह पहले निलंबित किया गया था। नगर पलिका में अध्यक्ष, प्रेमलता सिंह और उनके प्रतिनिधि विशाल विक्रम सिंह एवं उनके टीम से तालमेल बेहतर न होने की वजह से प्रशांत सिंह को नीचा दिखाने के लिए निलंबित कर दिया गया था। नगर पालिका परिषद् बेल्हा प्रतापगढ़ में कर्मचारियों का अभाव था, लिहाजा निलंबन के बावजूद जन्म-मृत्यु पटल का कार्य निलम्बित लिपिक से ही लिया जा रहा था। सूत्र बताते हैं कि नगर पालिका परिषद बेला, प्रतापगढ़ से निलंबित होने के बाद भी ब्यवहारिकता में अधिशाषी अधिकारी, अभिनव यादव के कहने पर वहां का काम भी प्रशांत सिंह देखा करते थे।