अमेठी पुलिस को मिली सफलता:अंधविश्वास का खौफनाक चेहरा प्रतापगढ़ के तांत्रिक की निर्मम हत्या का पुलिस ने किया चौंकाने वाला खुलासा
अमेठी में अंधविश्वास का खौफनाक चेहरा तांत्रिक की निर्मम हत्या का पुलिस ने किया चौंकाने वाला खुलासा। बैन से सवार होकर चार आरोपियों ने तांत्रिक,की नृशंस हत्या कर सिर कुएं में तो धड़ नहर में फेंका -एसपी अमेठी। अमेठी में 4 दिन पहले हुए तांत्रिक विजय सिंह की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 4 मोबाइल, मृतक के कपड़े, ईंटें समेत अन्य सामान बरामद किया गया है। आरोपियों ने गड़ासे से तांत्रिक का शव धड़ से अलग कर दिया था। सिर को ईंटों से बांधकर कुएं में फेंका। धड़ को नाले में डाल दिया। पुलिस ने सभी को बरामद कर लिया है। मुख्य आरोपी ने पुलिस को बताया- मैं और मेरी मां तांत्रिक से झाड़-फूंक करा रहे थे। बहुत पैसे खर्च हो गए, लेकिन तबीयत बिगड़ती चली गई। तांत्रिक लगातार पैसे मांग रहा था, न देने पर जिन्न छोड़ने की धमकी दी। इसी से परेशान होकर बहाने से उसे बुलाकर मार डाला। मामला जायस थाना क्षेत्र का है।
अब जानिए पूरा मामला…
8 जनवरी की सुबह जायस थाना क्षेत्र के मोजमगंज पुल के पास प्रतापगढ़ निवासी व्यवसायी और तांत्रिक विजय सिंह का सिर कटा शव नाले के किनारे मिला था। घटना के बाद एसपी के निर्देश पर एसओजी, सर्विलांस समेत पुलिस की 4 टीमें हत्यारों की तलाश में लगाई गई थीं। पुलिस ने जांच शुरू की तो 4 लोगों के नाम सामने आए।
मुखबिर की सूचना पर चारों आरोपी गिरफ्तार
पुलिस को शुक्रवार सुबह मुखबिर से सूचना मिली। इसी आधार पर घटना को अंजाम देने वाले चार आरोपी राजन सोनकर उर्फ निरहू, सौरभ सोनकर, प्रदीप उर्फ तूफानी सोनकर और अजय सोनकर को गिरफ्तार किया गया। चारों आरोपी जायस कस्बे के मोहल्ला गोरियाना के रहने वाले हैं।
झाड़-फूंक और पैसों के विवाद में रची साजिश
पूछताछ में मुख्य आरोपी राजन सोनकर उर्फ निरहू ने बताया- वह और उसकी मां तांत्रिक विजय सिंह से झाड़-फूंक कराते थे। झाड़-फूंक के बाद उसकी तबीयत और बिगड़ने लगी, साथ ही काफी पैसा भी खर्च हो गया। इसके बावजूद तांत्रिक द्वारा लगातार पैसों की मांग की जा रही थी।
भूत छोड़ने की धमकी दी
एसपी अपर्णा रजत कौशिक ने बताया- मामले के खुलासे के लिए चार टीमों का गठन किया गया था। जिन्न-भूत छोड़ने की धमकी दी। हत्या की योजना बनाई। राजन के अनुसार, पैसे देने से मना करने पर विजय सिंह ने उस पर जिन्न-भूत छोड़ने की धमकी दी, जिससे परेशान होकर उसने अपने साथियों सौरभ, प्रदीप और अजय के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई। 7 जनवरी की रात एक ओमनी वैन किराए पर ली। शाम को जायस रेलवे स्टेशन रोड पर राजन की मुलाकात विजय सिंह से हुई।
आरोपी बैन से सवार होकर निकले
बातचीत के दौरान विजय सिंह ने देवा शरीफ चलने की बात कही, जिस पर राजन तैयार हो गया। रात करीब 10 बजे सभी आरोपी वैन में सवार होकर निकले और योजना के तहत मोजमगंज पुल के पास पहुंचे। वहां गाड़ी में रखे गंडासे से हमला कर विजय सिंह की गर्दन धड़ से अलग कर दी।
धड नाले में यो सिर कुएं में फेका। पहचान छिपाने के लिए आरोपियों ने धड़ को नाले में फेंक दिया, जबकि सिर को बोरी में ईंटों के साथ भरकर अपने घर के पास गदहिया तालाब के पास पुराने कुएं में डाल दिया। एसपी अपर्णा रजत कौशिक ने बताया- मामले के खुलासे के लिए चार टीमों का गठन किया गया था। चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। घटना का सफल खुलासा करने वाली पुलिस टीम को 25 हजार रुपए का इनाम दिया जाएगा।